एक हिन्दू मुख्यमंत्री के समय में शंकराचार्य का सम्मान न बचा
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27 जनवरी को शंकराचार्य जी और प्रशासन के बीच एक महत्वपूर्ण बैठक हुई। यह बैठक
शंकराचार्य जी के मेला क्षेत्र छोड़ने से लगभग 15 घंटे पहले हुई थी। बैठक में
प्र...
4 घंटे पहले

3 टिप्पणियाँ:
अमित भाई बिना चित्र के भी यह बात उतनी ही ताकत से बयान हो रही है इसलिये बेकार ही हम क्यों नचनिया-गवैया का प्रचार करें अपने मंच पर? इनके लिये वैसे भी तमामोतमाम लोग लार टापकाए खड़े हैं अपना-अपना ब्लाग लिये....
जय जय भड़ास
आप की इस बात का मै आगे ध्यान रखुगा जनाब
बढिया भैये,
संतरे का बढिया बखान,
हम भी संतरे के ही दीवाने हैं.
जय जय भड़ास
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