हम (अतीत के पन्ने से...........)

सोमवार, 11 मई 2009





दो अक्षर के बिना हम पुरे नही हो सकते, मैं (I) और (U)। और ये दो ही हमारे में भारतीयता का एहसास करते हैं।



जय हिंद



जय भारत।

2 टिप्पणियाँ:

K M Mishra ने कहा…

Absolute Truth.

मुनव्वर सुल्ताना ने कहा…

सुंदर जतन है लेकिन जिन्हें विद्वेष फैला कर आग लगाने के बाद रोटियां सेंकनी हैं वे भला इतनी सी बात को क्यों समझ मे आने देंगे आम जन को....
जय जय भड़ास

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